परिषदीय स्कूलों का समय बदलने की तैयारी : बेसिक शिक्षा विभाग में हो रहा है विचार अंतिम निर्णय बेसिक शिक्षा मंत्री का होगा-
स्कूल टाइमिंग में हो सकता है बदलाव-
इलाहाबाद। बुधवार से शुरू हो रहे नए सत्र में स्कूलों की टाइमिंग सुबह 9 से 3 बजे की रखी गई है। लेकिन शिक्षकों के विरोध के कारण सरकार समय बदलने पर दोबारा विचार कर रही है। बेसिक शिक्षा परिषद ने एक अप्रैल से 30 सितम्बर तक टाइमिंग 8 से एक बजे तक करने का प्रस्ताव भेजा है। जल्द ही शासनादेश जारी होने की उम्मीद है |
खबर साभार : हिन्दुस्तान
परिषदीय स्कूलों का समय बदलने की तैयारी : बेसिक शिक्षा विभाग में हो रहा है विचार अंतिम निर्णय बेसिक शिक्षा मंत्री का होगा-
लखनऊ (ब्यूरो)। बेसिक शिक्षा विभाग परिषदीय स्कूलों का समय एक बार फिर से बदलने की तैयारी कर रहा है। परिषदीय स्कूलों का समय पहले मौसम के आधार पर रखा जाता था। जाड़े में नौ बजे के बाद और गर्मी में प्रात: सात बजे स्कूल खुलते थे, लेकिन 1 अप्रैल से सत्र निर्धारित करने के साथ सभी मौसम में 9 से 3 बजे तक स्कूल कर दिया गया। इसको लेकर शिक्षक संघों ने बखेड़ा खड़ा कर दिया है। उनका कहना है कि स्कूलों में जरूरी संसाधन व बिजली भी सभी स्कूलों में नहीं है, ऐसे में गर्मी में 12 बजे के बाद बच्चों के सेहत पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। इसीलिए बेसिक विभाग समय बदलने पर विचार कर रहा है, लेकिन अंतिम निर्णय बेसिक शिक्षा मंत्री रामगोविंद चौधरी ही करेंगे।
खबर साभार : अमरउजाला
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महोदय, कोढ़ में खाज है नयी समय सारिणी। सूबे के बुंदेलखंड क्षेत्र में तापमान ४८ डिग्री सेंटीग्रेड तक जाता है ऊपर से आग उगलती गर्म हवाओं के थपेड़े। ऐसे में कोई शिक्षक जो अपने घर से ७० किलोमीटर दूर तक विद्यालय जाता है उसके लिए यह जानलेवा है। साथ ही नौनिहालों के स्वास्थ्य व करियर के साथ खिलवाड़ है। सूबे की भौगोलिक स्तिथियों को देखते हुए विद्यालय का पुराना समय ७ से १२ ही व्यवहारिक व उचित है। सरकार जब तक पुरानी समय सारिणी ७ से १२ बहाल न कर दे तब तक आरपार की लड़ाई जारी रखी जाए।
ReplyDeleteशिक्षक एकता ज़िंदाबाद