logo

Basic Siksha News.com
बेसिक शिक्षा न्यूज़ डॉट कॉम

एक छत के नीचे 'प्राइमरी का मास्टर' से जुड़ी शिक्षा विभाग की समस्त सूचनाएं एक साथ

72 हजार प्रशिक्षु शिक्षक भर्ती काउंसलिंग में वेबसाइट पर दिख रहीं गलत रिक्तियां : गलती तकनीक की,भुगते अभ्यर्थी नहीं हुआ निस्तारण-

72 हजार प्रशिक्षु शिक्षक भर्ती काउंसलिंग में वेबसाइट पर दिख रहीं गलत रिक्तियां : गलती तकनीक की,भुगते अभ्यर्थी नहीं हुआ निस्तारण-

राज्य स्तरीय समस्या निस्तारण समिति ने अभी तक लगभग दो दर्जन उन बिन्दुओं पर अपनी राय स्पष्ट नहीं की हैं जिन्हें लेकर संशय है। ये बिन्दु शैक्षिक योग्यताओं को लेकर हैं। मसलन, बिना बारहवीं के स्नातक पास करने वाले, पत्राचार से दो वर्ष का बीएड करने वाले न जाने कितने हजार अभ्यर्थी हैं, इन्होंने प्रोविजनल काउंसलिंग करवा ली है।

यदि इनमें से कुछ बिन्दुओं पर भी समिति की राय सकारात्मक होगी तो उससे जुड़े अभ्यर्थी भी काउंसलिंग में शामिल माने जाएंगे। ऐसे में नीची मेरिट रखने वाले अभ्यर्थी चयन प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे।

गलती किसी की, और भुगते कोई-

प्रदेश में चल रही 72,825 प्रशिक्षु शिक्षक भर्ती में भी कुछ ऐसा ही हो रहा है। वेबसाइट पर खाली पदों की संख्या देख कर जिलों में पहुंच रहे अभ्यर्थियों को पता चल रहा है कि उस जिले में रिक्तियां हैं ही नहीं या हैं तो कम हैं। 5 नवम्बर से शुरू हुई तीसरी काउंसलिंग में अभ्यर्थियों को सबसे ज्यादा दिक्कतें पेश आ रही हैं।

काउंसलिंग 13 नवम्बर तक चलनी है। दरअसल, वेबसाइट पर दो काउंसलिंग से बची हुईं सीटों का जो ब्यौरा जारी हुआ है, उसमें तकनीकी गलतियां हैं। इस ब्यौरे में विशेष आरक्षण वाली सीटों को वर्गवार/श्रेणीवार भी दिखाया गया है और विशेष आरक्षण वाले कोटे में भी।

अब जो सीटें वर्गवार-श्रेणीवार खाली दिख रही हैं, उसे ही अभ्यर्थी असली मान कर जिलों में पहुंच रहे हैं। जिलों में बताया जा रहा है कि ये सीटें विशेष आरक्षण वाले अभ्यर्थियों के लिए रिक्त हैं। ऐसे में अभ्यर्थियों को वापस लौटाया जा रहा है।

ऊंची मेरिट को मौका -

ऐसे जिले जहां सभी पदों के लिए काउंसलिंग हो चुकी है, वे ऊंची मेरिट वाले अभ्यर्थी को मना नहीं कर सकते। ऐसे अभ्यर्थी जिनकी मेरिट ज्यादा थी और वे अभी तक दो चक्रों की काउंसलिंग में भाग नहीं ले सके, वे ऐसे जिलों में काउंसलिंग करा सकते हैं। मसलन सीतापुर, हरदोई या लखीमपुर जैसे जिले कह रहे हैं कि उनके यहां काउंसलिंग के बाद सीटें भर गई हैं लेकिन यदि यहां भी ऊंची मेरिट वाला अभ्यर्थी पहुंचता है तो डायटों को काउंसलिंग करवानी होगी। इस संबंध में एससीईआरटी ने निर्देश जारी कर दिए हैं।

छूटे लोगों को सहारा-

तीसरी काउंसलिंग में भी अपनी निधारित तिथि पर काउंसलिंग करवाने से छूटे हुए अभ्यर्थियों की काउंसलिंग उनके मनचाहे जिलों में होगी। मान लीजिए कि हरदोई में महिला कला अनारक्षित वर्ग की अभ्यर्थी 6 रिक्तियां देख कर वहां पहुंची लेकिन वहां सीट खाली नहीं थी। अब वह किसी भी दिन गोण्डा या बहराइच आदि जिले में सीटें खाली रहने पर काउंसलिंग के लिए जा सकती है बशर्ते उसने वहां आवेदन किया हो और वहां सीट खाली हो।

        खबर साभार : हिन्दुस्तान

Post a Comment

0 Comments