शिक्षक भर्ती से जुड़े अधिकारी, स्कूल चलो अभियान ठप-
इलाहाबाद (ब्यूरो)। परिषदीय विद्यालयों में अधिक से अधिक छात्रों को जोड़ने के लिए जुलाई माह में चलने वाला स्कूल चलो अभियान शिक्षक भर्ती की भेंट चढ़ गया है। शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी शिक्षक भर्ती में लगे हैं जिस कारण नए एवं ड्राप आउट विद्यार्थियों को स्कूल से जोड़ने का काम फीका पड़ रहा है। मिड-डे मील के वितरण में भी शिक्षक भर्ती आड़े आ रही है।
प्रदेश सरकार की ओर से इस समय टीईटी पास बीएड, उच्च प्राथमिक विद्यालयों के लिए विज्ञान एवं गणित शिक्षक, शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के तौर समायोजन, बीटीसी प्रशिक्षितों को शिक्षक पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है। इसमें टीईटी पास बीएड वालों की भर्ती में सबसे अधिक पेच है।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, एडी बेसिक, डायट प्राचार्य सहित सभी कनिष्ठ एवं वरिष्ठ अधिकारी सहित विभाग के कर्मचारी शिक्षक भर्ती प्रक्रिया से जुड़े हैं। बेसिक शिक्षा अधिकारी राजकुमार का कहना है कि सरकार की प्राथमिकता इस समय अधूरी पड़ी शिक्षक भर्ती को पूरा करना है। उन्होंने कहा कि ब्लाक स्तर पर अधिकारी एवं स्कूल के शिक्षक स्कूल चलो अभियान को सफल बनाने के लिए लगे हैं।
उन्होंने बताया कि ड्राप आउट विद्यार्थियों को जोड़ने के लिए भी अभियान चल रहा है। इन विद्यार्थियों को स्कूल से जोड़ने के बाद उनकी उम्र के अनुसार कक्षाओं में प्रवेश देकर पढ़ाने की व्यवस्था होगी।
साभार : अमरउजाला
इलाहाबाद (ब्यूरो)। परिषदीय विद्यालयों में अधिक से अधिक छात्रों को जोड़ने के लिए जुलाई माह में चलने वाला स्कूल चलो अभियान शिक्षक भर्ती की भेंट चढ़ गया है। शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी शिक्षक भर्ती में लगे हैं जिस कारण नए एवं ड्राप आउट विद्यार्थियों को स्कूल से जोड़ने का काम फीका पड़ रहा है। मिड-डे मील के वितरण में भी शिक्षक भर्ती आड़े आ रही है।
प्रदेश सरकार की ओर से इस समय टीईटी पास बीएड, उच्च प्राथमिक विद्यालयों के लिए विज्ञान एवं गणित शिक्षक, शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के तौर समायोजन, बीटीसी प्रशिक्षितों को शिक्षक पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है। इसमें टीईटी पास बीएड वालों की भर्ती में सबसे अधिक पेच है।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, एडी बेसिक, डायट प्राचार्य सहित सभी कनिष्ठ एवं वरिष्ठ अधिकारी सहित विभाग के कर्मचारी शिक्षक भर्ती प्रक्रिया से जुड़े हैं। बेसिक शिक्षा अधिकारी राजकुमार का कहना है कि सरकार की प्राथमिकता इस समय अधूरी पड़ी शिक्षक भर्ती को पूरा करना है। उन्होंने कहा कि ब्लाक स्तर पर अधिकारी एवं स्कूल के शिक्षक स्कूल चलो अभियान को सफल बनाने के लिए लगे हैं।
उन्होंने बताया कि ड्राप आउट विद्यार्थियों को जोड़ने के लिए भी अभियान चल रहा है। इन विद्यार्थियों को स्कूल से जोड़ने के बाद उनकी उम्र के अनुसार कक्षाओं में प्रवेश देकर पढ़ाने की व्यवस्था होगी।
साभार : अमरउजाला

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